अंकिता भंडारी केस! CBI जांच का ऐलान, धामी सरकार का चौंकाने वाला फैसला

अंकिता भंडारी हत्याकांड के लेकर राज्य में मच रहे बवाल के बीच सीएम पुष्कर सिंह धामी ने मामले की जांच सीबीआई से कराने का ऐलान किया है. धामी सरकार ने फैसला लिया है कि इस मामले की जांच सीबीआई को सौंपी जाएगी.

Jan 9, 2026 - 18:24
अंकिता भंडारी केस! CBI जांच का ऐलान, धामी सरकार का चौंकाने वाला फैसला

देहरादून से इस वक्त की सबसे बड़ी खबर सामने आई है। अंकिता भंडारी हत्याकांड से उबल रहे जनाक्रोश के बीच मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने बड़ा ऐलान करते हुए मामले को सीबीआई जांच के लिए सौंपने की मंजूरी दे दी है। सरकार का कहना है कि यह फैसला अंकिता के माता-पिता की भावनाओं और उनके आग्रह का सम्मान करते हुए लिया गया है। सीएम धामी ने कहा कि शुरुआत से ही उनकी सरकार का एकमात्र लक्ष्य रहा है—सच को सामने लाना और पीड़ित परिवार को हर हाल में न्याय दिलाना।

मुख्यमंत्री ने आगे बताया कि पहले ही एक विशेष जांच टीम गठित कर आरोपियों को गिरफ्तार किया गया था, जिसके बाद अदालत ने उन्हें उम्रकैद की सजा भी सुनाई। धामी ने भावुक होकर कहा कि अंकिता सिर्फ एक बेटी नहीं, बल्कि पूरे प्रदेश की बहन थी और उसकी आत्मा को न्याय दिलाने के लिए सरकार हर कदम उठा रही है। इसी बीच कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गणेश गोदियाल ने सीबीआई जांच को जनता की जीत बताया, लेकिन यह भी पूछा कि क्या जांच उच्च न्यायालय या सुप्रीम कोर्ट के किसी न्यायाधीश की निगरानी में होगी—यह अब देखने वाली बात होगी।

मुख्यमंत्री ने बताया कि इस दुखद और हृदयविदारक घटना की जानकारी मिलते ही राज्य सरकार ने तुरंत महिला आईपीएस अधिकारी के नेतृत्व में SIT का गठन किया। प्रकरण से जुड़े सभी अभियुक्तों को शीघ्र गिरफ्तार किया गया।

SIT की गहन जांच के बाद चार्जशीट दाखिल की गई और निचली अदालत ने सभी अभियुक्तों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई। धामी ने इसे राज्य सरकार की सशक्त पैरवी और न्याय सुनिश्चित करने की प्रक्रिया का प्रमाण बताया।