भारत को बड़ी राहत! अमेरिकी एक्स्ट्रा टैरिफ आज से खत्म, 30 लाख करोड़ डॉलर का बाज़ार खुलेगा, 500 अरब डॉलर की होगी ऐतिहासिक डील

India-US Trade Deal: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारत और अमेरिका के बीच अंतरिम व्यापार समझौते पर सहमति बनने को लेकर बड़ी जानकारी साझा की है। उन्होंने कहा कि यह समझौता दोनों देशों के बीच बढ़ते विश्वास, गहराई और मजबूत साझेदारी को दर्शाता है।

Feb 7, 2026 - 10:53
भारत को बड़ी राहत! अमेरिकी एक्स्ट्रा टैरिफ आज से खत्म, 30 लाख करोड़ डॉलर का बाज़ार खुलेगा, 500 अरब डॉलर की होगी ऐतिहासिक डील

नई दिल्ली से एक बड़ी और रोमांचक खबर सामने आई है। भारत और अमेरिका ने आखिरकार उस ट्रेड डील पर सहमति कर ली है, जिसका इंतजार लंबे समय से किया जा रहा था। इस समझौते के तहत अमेरिका अब भारत पर लगने वाले शुल्क को घटाकर सिर्फ 18 प्रतिशत कर देगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इसे दोनों देशों के रिश्तों में एक ऐतिहासिक पड़ाव बताते हुए कहा कि यह कदम भारत-अमेरिका के बीच बढ़ते भरोसे और गहरी होती साझेदारी का सच्चा प्रमाण है। उन्होंने शनिवार सुबह एक्स पर पोस्ट कर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का खास तौर पर धन्यवाद भी दिया।

पीएम मोदी ने इस डील को 'मेक इन इंडिया' अभियान के लिए नई ऊर्जा बताते हुए कहा कि यह समझौता देश के किसानों, स्टार्टअप्स, एमएसएमई सेक्टर, उद्यमियों और मछुआरों को नए अवसरों के बड़े दरवाजे खोलकर देगा। इस फैसले से महिलाओं और युवाओं के लिए रोजगार का विशाल नया बाजार तैयार होगा, जो देश की अर्थव्यवस्था में नई जान फूंकने वाला साबित हो सकता है।

प्रधानमंत्री ने यह भी कहा कि भारत और अमेरिका इनोवेशन और तकनीकी विकास को बढ़ावा देने के लिए पहले से ज्यादा प्रतिबद्ध हैं। यह ट्रेड फ्रेमवर्क दोनों देशों के बीच निवेश और टेक्नोलॉजी पार्टनरशिप को एक नई ऊंचाई देगा। साथ ही, यह मजबूत और भरोसेमंद सप्लाई चेन का निर्माण करेगा, जो पूरी दुनिया के आर्थिक विकास को गति प्रदान करेगा। मोदी ने इसे 'विकसित भारत' के रास्ते में एक महत्वपूर्ण कदम बताया।

वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल ने भी इस समझौते को भारत के लिए अभूतपूर्व अवसर बताते हुए कहा कि इस डील से करीब 30,000 अरब डॉलर का अमेरिकी बाजार भारतीय निर्यातकों के लिए खुल जाएगा। इससे खास तौर पर एमएसएमई, किसानों और मछुआरों को भारी फायदा मिलेगा। गोयल ने दावा किया कि बढ़ते निर्यात के साथ देश में लाखों नए रोजगार, खासकर महिलाओं और युवाओं के लिए, तैयार होंगे।

इस ऐतिहासिक घोषणा से पहले दोनों देशों ने संयुक्त बयान जारी करते हुए बताया कि अमेरिका भारत पर लगने वाले शुल्क को घटाकर 18 प्रतिशत कर देगा। यह रूपरेखा 13 फरवरी 2025 को राष्ट्रपति ट्रंप और पीएम मोदी द्वारा शुरू किए गए व्यापक व्यापार समझौते के प्रति दोनों देशों की मजबूत प्रतिबद्धता को आगे बढ़ाती है। इसमें अतिरिक्त बाजार पहुंच और सप्लाई चेन को मजबूत करने वाली कई नई नीतियां शामिल होंगी।

संयुक्त बयान में कहा गया कि यह अंतरिम समझौता दोनों देशों की साझेदारी को एक नए मुकाम पर ले जाएगा। यह द्विपक्षीय व्यापार में संतुलन, निष्पक्षता और पारस्परिक हितों को बढ़ावा देगा। इसे दोनों राष्ट्रों के बीच आर्थिक संबंधों का एक मील का पत्थर माना जा रहा है।

समझौते के तहत भारत अमेरिका के कई औद्योगिक उत्पादों और खाद्य एवं कृषि वस्तुओं पर शुल्क में भारी कटौती करेगा। इसमें सूखे अनाज, मेवे, प्रॉसेस्ड और ताजे फल, सोयाबीन तेल, शराब और स्पिरिट्स सहित कई उत्पाद शामिल हैं। यह कदम दोनों देशों के व्यापार को नई दिशा और नई गति देने वाला साबित होगा।