ऐसी साजिश जो दिमाग हिला दे! एक बेटे ने ऐसे उजाड़ दिया अपना पूरा परिवार, दहला देगी पूरी कहानी

दिल्ली के लक्ष्मी नगर में सनसनीखेज ट्रिपल मर्डर मामला हर तरह चर्चा का विषय बना हुआ है, जहां एक बेटे ने पहले अपनी मां, बहन और नाबालिग भाई को धतूरे के लड्डू खिलाए और फिर उनकी सबकी गला घोंटकर हत्या कर दी. कहानी यहीं खत्म नहीं होती, इसके बाद कातिल खुद पुलिस थाने पहुंचा और सरेंडर कर दिया. पढ़ें पूरी कहानी.

Jan 7, 2026 - 18:23
ऐसी साजिश जो दिमाग हिला दे! एक बेटे ने ऐसे उजाड़ दिया अपना पूरा परिवार, दहला देगी पूरी कहानी

Delhi Laxmi Nagar Triple Murder Inside Story: दिल्ली के लक्ष्मी नगर में सोमवार की सुबह जो हुआ, उसने पूरे शहर को सदमे की लहर में डुबो दिया. एक शांत मोहल्ले में खौफ का ऐसा तूफान उठा कि लोग आज भी दहशत में हैं. महज 25 साल के युवक ने अपनी ही मां, बहन और नाबालिग भाई की नृशंस हत्या कर दी, जिसने हर सुनने वाले का दिल दहला दिया. किसी को यकीन नहीं था कि एक बेटा अपने ही घर को ऐसी त्रासदी में बदल सकता है. इस जघन्य वारदात की कहानी किसी क्राइम थ्रिलर से कम नहीं, लेकिन सच उससे भी ज्यादा खतरनाक है.

आरोपी और पीड़ितों की पहचान
पुलिस ने आरोपी को यशवीर उर्फ यशबीर सिंह के रूप में पहचाना, जिसके हाथों उसकी 46 वर्षीय मां कविता, 24 साल की बहन मेघना और 14 वर्षीय भाई मुकुल की जान गई. बाहर से यह परिवार बिल्कुल सामान्य लगता था, जैसे एक सामान्य मध्यमवर्गीय घर. लेकिन उसके भीतर आर्थिक टूटन और तनाव का ऐसा तूफान चल रहा था, जिसने अंत में सभी को निगल लिया. जांच में सामने आया कि परिवार लंबे समय से दबाव और परेशानी झेल रहा था.

आर्थिक तंगी बनी तनाव की जड़
पुलिस को मिले सुराग बताते हैं कि यशवीर गंभीर आर्थिक संकट से घिरा हुआ था. घर का खर्च चलाना उसके लिए बोझ बन चुका था, जबकि कर्ज तेजी से बढ़ रहा था. उसके पिता, जो ट्रक ड्राइवर हैं, पिछले छह महीनों से घर से दूर थे. ऐसे में पूरा परिवार यशवीर पर निर्भर था. यही जिम्मेदारियां और तनाव धीरे-धीरे उसे मानसिक अंधकार की ओर धकेलते गए.

सोची-समझी साजिश का खुलासा
यह कोई अचानक लिया गया कदम नहीं था. पुलिस का कहना है कि आरोपी ने पहले से ही अपने परिवार को खत्म करने की खौफनाक योजना तैयार कर रखी थी. उसने घर वालों को बेहोश करने से लेकर हत्या का तरीका तय कर लिया था. इस साजिश में उसने धतूरे के जहरीले बीजों का इस्तेमाल किया—एक ऐसा पौधा जो किसी भी स्वस्थ व्यक्ति को मिनटों में अचेत कर सकता है.

मंदिर से लाया मौत के बीज
चौंकाने वाली जानकारी यह सामने आई कि वह सुबह यमुना बैंक मेट्रो स्टेशन के पास स्थित एक मंदिर गया, जहां उसने पास लगे धतूरे के पौधे से बीज इकट्ठा किए. उन बीजों को पीसकर उसने लड्डू बनाए, जो बाद में मौत का हथियार साबित हुए. पुलिस का कहना है कि उसकी योजना जितनी खतरनाक थी, उतनी ही ठंडे दिमाग से बनाई गई थी.

जहरीले लड्डू बने विनाश का कारण
दोपहर में उसने बड़ी सहजता से मां, बहन और भाई को लड्डू खाने के लिए दिए. किसी को जरा भी शक नहीं हुआ. कुछ ही मिनटों में तीनों की हालत बिगड़ने लगी और वे बेहोश होकर गिर पड़े. घर में मौत जैसा सन्नाटा छा चुका था. यह वही मौका था, जिसका आरोपी इंतजार कर रहा था.

बेहोशी के बाद की गई निर्मम हत्या
पुलिस के अनुसार, जब तीनों पूरी तरह बेहोश हो गए, तो आरोपी ने मफलर से एक के बाद एक गला घोंटकर उनकी हत्या कर दी. दोपहर करीब 1:30 से 2 बजे के बीच तीनों की सांसें थम चुकी थीं. उसी घर में मां, बहन और भाई की निर्जीव लाशें पड़ी थीं, लेकिन बाहर किसी को भनक तक नहीं लगी.

पत्नी की गैरमौजूदगी ने बढ़ाए शक
घटना के समय आरोपी की पत्नी घर पर नहीं थी. वह बाहर किसी काम से गई हुई थी. हालांकि अब पुलिस उसकी भूमिका की भी जांच कर रही है, पर शुरुआती पूछताछ में उसकी सीधी संलिप्तता सामने नहीं आई है. पुलिस हर एंगल से इस केस को परत-दर-परत खोलने में जुटी है.

हत्या के बाद थाने पहुंचा आरोपी
तीनों की हत्या कर के यशवीर सीधा लक्ष्मी नगर थाने पहुंचा और करीब शाम 5 बजे खुद को पुलिस के हवाले कर दिया. उसने बिना हिचकिचाहट अपना अपराध कबूल कर लिया. पुलिस भी हैरान रह गई, क्योंकि किसी भी पड़ोसी ने पीसीआर कॉल तक नहीं की थी.

घर में मिली तीन लाशें
कबूलनामे के बाद पुलिस टीम तुरंत आरोपी के घर पहुंची. जैसे ही दरवाजा खुला, अंदर का मंजर किसी भी इंसान को हिला देने वाला था. तीनों की लाशें अलग-अलग जगहों पर पड़ी थीं. पुलिस ने घर को सील किया और शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया. आसपास के लोग सदमे में थे.

फोरेंसिक टीम जुटी सुराग तलाशने में
मामले की गंभीरता देखते हुए फोरेंसिक टीम को बुलाया गया. टीम ने खाने के नमूने, लड्डू के बचे हिस्से और घर से मिले कई जरूरी सबूत इकट्ठा किए. पुलिस यह भी जांच रही है कि मौत केवल गला घोंटने से हुई या धतूरे के जहर ने भी अपनी भूमिका निभाई. पोस्टमार्टम रिपोर्ट इस केस को नई दिशा दे सकती है.