हरिद्वार को अमित शाह की बड़ी सौगात! 1129.91 करोड़ की योजनाओं से गूंजेगा विकास का शंखनाद

हरिद्वार में अमित शाह ने सरकार के चार वर्ष पूर्ण होने पर 1129 करोड़ की विकास परियोजनाओं का लोकार्पण किया। धामी सरकार ने UCC लागू कर बड़ा कदम उठाया। राज्य ने SDG रैंकिंग में पहला स्थान प्राप्त कर अपनी उपलब्धि दर्ज की।

Mar 7, 2026 - 14:43
हरिद्वार को अमित शाह की बड़ी सौगात! 1129.91 करोड़ की योजनाओं से गूंजेगा विकास का शंखनाद

देवभूमि उत्तराखंड के शानदार चार साल पूरे होने पर हरिद्वार आज जश्न में डूबा है, जहां एक विशाल समारोह में हजारों लोगों की मौजूदगी के बीच माहौल बेहद उत्साहपूर्ण दिखाई दिया. इस ऐतिहासिक मौके पर केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह विशेष अतिथि के रूप में पहुंचे, जो पूरे राज्य के लिए गर्व का क्षण बन गया. कार्यक्रम के दौरान वे 1129.91 करोड़ रुपये की विशाल लागत से तैयार 39 बड़ी परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास करते हुए विकास की नई राहें खोलने वाले हैं. मंच पर उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी भी मौजूद रहे, जिन्होंने इस यात्रा को नई ऊर्जा दी है.

हरिद्वार में हो रहा यह आयोजन धामी सरकार के चार वर्षों की सफलता को जनता के सामने पेश करने का एक सुनहरा अवसर माना जा रहा है. सरकार का दावा है कि इन चार वर्षों में राज्य ने कई बड़े फैसलों के साथ इतिहास रच दिया है और विकास के नए अध्याय लिखे हैं. उपलब्धियों की लंबी फेहरिस्त जनता के समक्ष रखी जा रही है, जिससे यह कार्यक्रम एक तरह से राज्य की प्रगति का उत्सव बन गया है. पूरे उत्तराखंड में इस आयोजन को लेकर लोगों में गजब का उत्साह देखने को मिल रहा है.

सीएम पुष्कर सिंह धामी की अगुवाई में सरकार ने कई नीतिगत मोर्चों पर ऐसे कदम उठाए हैं, जिनकी चर्चा पूरे देश में हो रही है. समान नागरिक संहिता लागू करने की दिशा में ठोस पहल करके उत्तराखंड देश का पहला राज्य बन गया, जिससे पूरे राष्ट्र में इसकी सराहना हो रही है. धर्मांतरण विरोधी कानून और दंगारोधी विधेयक लागू कर राज्य की कानून व्यवस्था को और अधिक शक्तिशाली बनाने का प्रयास किया गया. इन फैसलों ने धामी सरकार की दृढ़ इच्छाशक्ति को मजबूती से प्रदर्शित किया है.

सरकार का कहना है कि सेवा, सुशासन और जनकल्याण को केंद्र में रखते हुए प्रदेश में विकास कार्यों को तेज रफ्तार दी गई है. सतत विकास लक्ष्यों की रैंकिंग में उत्तराखंड का देशभर में पहला स्थान हासिल करना इस बात का प्रमाण है कि राज्य का विकास मॉडल कितना प्रभावी रहा है. वहीं ईज ऑफ डूइंग बिजनेस में ‘अचीवर्स’ कैटेगरी में जगह बनाकर राज्य ने निवेश और उद्योगों के लिए अपना दरवाज़ा और अधिक मजबूत किया है. इन उपलब्धियों ने उत्तराखंड की पहचान को नई ऊंचाइयों पर पहुंचाया है.

पर्यटन और फिल्म निर्माण के क्षेत्र में भी उत्तराखंड ने देश में अलग ही छाप छोड़ी है. लगातार चार वर्षों तक ‘मोस्ट फिल्म फ्रेंडली स्टेट’ का खिताब जीतना इस बात का सबूत है कि यह राज्य फिल्मकारों की पहली पसंद बन चुका है. हर साल चारधाम यात्रा में नए रिकॉर्ड बन रहे हैं, जिससे न सिर्फ श्रद्धालुओं की संख्या बढ़ रही है बल्कि स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी जबरदस्त मजबूती मिल रही है. धामी सरकार ने पहली बार 12 हजार एकड़ से अधिक जमीन को अतिक्रमण मुक्त कराकर इतिहास रच दिया, साथ ही खेल सुविधाओं और खिलाड़ियों के विकास के लिए कई महत्वपूर्ण योजनाएं शुरू की गईं.

युवाओं के लिए रोजगार के रास्ते खोलना सरकार की प्राथमिकता में रहा है, जिसके तहत नकल विरोधी कानून लागू कर भर्ती प्रक्रियाओं को पूरी तरह पारदर्शी बनाया गया. इसी के चलते 28 हजार से ज्यादा युवाओं को सरकारी नौकरियों का सुनहरा अवसर मिला, जिससे पूरे राज्य में खुशी की लहर दौड़ गई. हरिद्वार का यह भव्य आयोजन उत्तराखंड की चार वर्ष की उपलब्धियों को समर्पित है, जहां सुशासन, विकास और भविष्य की बड़ी योजनाओं की झलक स्पष्ट दिखाई देती है. सरकार का लक्ष्य आने वाले वर्षों में राज्य को नई ऊंचाइयों पर ले जाकर विकास की एक नई कहानी लिखना है.