देहरादून में छात्र की हत्या से सनसनी! त्रिपुरा के छात्र की मौत, 5 आरोपी गिरफ्तार, CM धामी सख्त

देहरादून में त्रिपुरा के 24 साल के MBA स्टूडेंट एंजेल चकमा पर चाकुओं से हमला किया गया. 17 दिन तक जिंदगी और मौत से जूझने के बाद अस्पताल में उसकी सांसें थम गईं. अब इस हत्या ने पूरे नॉर्थ ईस्ट में गुस्से की लहर पैदा कर दी है. मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सख्त कार्रवाई का निर्देश दिया है.

Dec 29, 2025 - 11:35
Dec 29, 2025 - 11:42
देहरादून में छात्र की हत्या से सनसनी! त्रिपुरा के छात्र की मौत, 5 आरोपी गिरफ्तार, CM धामी सख्त

देहरादून में MBA छात्र एंजेल चकमा की दर्दनाक हत्या ने उत्तराखंड से लेकर पूरे नॉर्थ ईस्ट तक गुस्से की आग भड़का दी है। इस सनसनीखेज वारदात पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कड़ी कार्रवाई का आश्वासन दिया है, जबकि पुलिस फरार आरोपी की तलाश में नेपाल तक पहुंच गई है। मामले को बेहद गंभीर मानते हुए पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की कई अहम धाराओं के तहत केस दर्ज किया है।

त्रिपुरा के उनाकोटी जिले के रहने वाले 24 वर्षीय एंजेल चकमा देहरादून की एक यूनिवर्सिटी में MBA के अंतिम वर्ष की पढ़ाई कर रहे थे। 9 दिसंबर की रात सेलाकुई मार्केट में उनके और छोटे भाई माइकल चकमा का विवाद मणिपुर के सूरज खवास और उसके साथियों से हो गया। मामूली बहस पलभर में खूनी संघर्ष में बदल गई। आरोप है कि हमलावरों ने एंजेल पर बेरहमी से चाकुओं से हमला कर दिया।

गंभीर रूप से घायल एंजेल की हालत अस्पताल में लगातार बिगड़ती गई और 26 दिसंबर को उन्होंने दम तोड़ दिया। शुरू में पुलिस ने संहिता की कुछ धाराओं में केस दर्ज किया था, लेकिन मेडिकल रिपोर्ट के बाद धारा 109 जोड़ी गई। एंजेल की मौत के बाद केस को और गंभीर मानते हुए धारा 103(1) और 3(5) भी शामिल कर दी गई।

मृतक के पिता तरुण चकमा, जो BSF में मणिपुर में तैनात हैं, ने चौंकाने वाला आरोप लगाया कि उनके बेटे को नस्लीय गालियां दी गईं। उनका कहना है कि हमलावर लगातार एंजेल को ‘चाइनीज़’ और ‘चाइनीज़ मोमो’ कहकर अपमानित कर रहे थे। उन्होंने बताया कि एंजेल ने कई बार कहा कि वह भारतीय है, फिर भी उस पर जानलेवा हमला किया गया। हालांकि पुलिस इन नस्लीय आरोपों को मानने से इनकार कर रही है।

देहरादून के SSP अजय सिंह के अनुसार घटना में कुल छह आरोपी शामिल थे, जिनमें से पांच को पकड़ा जा चुका है। चौंकाने वाली बात यह है कि आरोपियों में से एक खुद मणिपुर का रहने वाला है। नेपाल के कंचनपुर जिले का रहने वाला मुख्य फरार आरोपी यज्ञराज अवस्थी अभी भी पकड़ से बाहर है और उसकी गिरफ्तारी पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया है।

फरार आरोपी को पकड़ने के लिए पुलिस की एक टीम नेपाल में सक्रिय रूप से उसकी तलाश कर रही है। गिरफ्तार आरोपियों में सूरज खवास, अविनाश नेगी और सुमित के नाम शामिल हैं। मुख्यमंत्री धामी ने साफ कहा कि उत्तराखंड में ऐसी वारदातें कतई बर्दाश्त नहीं की जाएंगी और कानून-व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों को कड़ी सजा मिलेगी।

त्रिपुरा के मुख्यमंत्री माणिक साहा ने भी उत्तराखंड सरकार से दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है और पीड़ित परिवार को हर संभव सहायता देने का भरोसा दिया है। वहीं, टिपरा मोथा पार्टी के प्रमुख प्रद्योत किशोर माणिक्य देबबर्मा ने परिवार से बात कर न्याय दिलाने का आश्वासन दिया। मेघालय के मुख्यमंत्री ने भी इस जघन्य घटना की कड़ी निंदा की है।

त्रिपुरा और मेघालय के मुख्यमंत्रियों ने एक स्वर में इस निर्मम हत्या को शर्मनाक बताते हुए इसकी निंदा की है और दोषियों को जल्द सजा दिलाने की मांग की है।